Home Latest News Jalandhar के Prabhdeep ने देश को दिलाया गोल्ड:जूनियर एशिया कप में 8...

Jalandhar के Prabhdeep ने देश को दिलाया गोल्ड:जूनियर एशिया कप में 8 गोल दागे, पिता ने ईंटें रखकर शुरू कराई थी ट्रेनिंग

24
0
Google search engine

जालंधर की मिट्ठू बस्ती के रहने वाले प्रभदीप ने जूनियर एशिया कप हॉकी टूर्नामेंट में देश को गोल्ड दिलाया।

अपने डेब्यू मैच में प्रभदीप ने यह कमाल कर दिखाया। 20 वर्षीय खिलाड़ी ने चीन में 4 से 13 सितंबर तक आयोजित जूनियर एशिया कप हॉकी टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन किया।
भारत ने दक्षिण कोरिया को 4-1 से हराकर खिताब जीता। प्रभदीप ने हर मैच में गोल दागकर भारतीय जूनियर हॉकी टीम को पदक दिलाने में अहम भूमिका निभाई। जालंधर लौटने पर परिजनों और क्षेत्रवासियों ने प्रभदीप का ढोल-नगाड़ों के साथ स्वागत किया।
प्रभदीप ने बताया कि यह उनका पहला अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट था। भारत के लिए स्वर्ण जीतना उनके लिए गर्व का पल रहा। एशिया कप के कठिन मुकाबलों के बारे में बात करते हुए प्रभदीप ने कहा कि कोरिया, जापान, मलेशिया और पाकिस्तान जैसी टीमों के खिलाफ मुकाबला काफी चुनौतीपूर्ण था, लेकिन मजबूत बॉन्डिंग और मेहनत से जीत हासिल हुई।
​पिता ने घर के बाहर ईंटें रखकर शुरू कराई थी ट्रेनिंग
प्रभदीप की इस सफलता के पीछे उनके पिता राजिंदर सिंह का अहम योगदान रहा है। राजिंदर सिंह ने बताया कि जब प्रभदीप 8-9 साल का था, तब उसे क्रिकेट पसंद थी। एक दिन उसने हॉकी खेलने की इच्छा जताई। उस समय गांव का हॉकी ग्राउंड बंद था। तब मैंने घर के बाहर ईंटें रखकर प्रभदीप को शॉट लगाने का अभ्यास कराना शुरू किया।
इसके बाद कोच दविंदर से प्रशिक्षण, खडूर साहिब अकादमी और फिर सुरजीत हॉकी अकादमी में प्रैक्टिस करते हुए प्रभदीप ने सब-जूनियर व जूनियर नेशनल में अपनी जगह बनाई। हाल ही में वह बेल्जियम और नीदरलैंड के यूरोपियन दौरों पर भी भारतीय टीम का हिस्सा रह चुके हैं।
अपने मेडल दिखाते हुए प्रभदीप सिंह।
अपने मेडल दिखाते हुए प्रभदीप सिंह।
मां की अरदास और सीनियर ओलंपियनों के टिप्स आए काम प्रभदीप की माता सुखविंदर कौर ने बेटे की कामयाबी पर उसे गोद में बिठा लिया। मां ने कहा कि उनके बेटे का सपना हमेशा से हॉकी में देश का नाम रोशन करना था। जब बेटा पहली बार किसी दूसरे देश में खेलने जा रहा था तो उन्होंने वाहेगुरु से अरदास की थी, जो आज पूरी हुई।
बता दें कि प्रभदीप जालंधर के उसी मिट्ठापुर इलाके से हैं, जहां से मनप्रीत सिंह और मनदीप सिंह जैसे ओलंपियन निकले हैं। प्रभदीप ने बताया कि सीनियर खिलाड़ी उन्हें लगातार खेल सुधारने के टिप्स देते रहते हैं। अब उनका अगला लक्ष्य और अधिक मेहनत कर जल्द से जल्द भारतीय सीनियर हॉकी टीम में अपनी जगह पक्की करना है।
Google search engine

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here