नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने NEET-UG री-एग्जाम से एक दिन पहले देशभर में एक बड़ी मॉक ड्रिल की है।
इसका मकसद परीक्षा को पूरी तरह सुरक्षित और बिना किसी गड़बड़ी के करवाना है। इस मॉक ड्रिल के दौरान परीक्षा केंद्रों की सुरक्षा व्यवस्था को अच्छे से जांचा जा रहा है। इसके साथ ही प्रश्नपत्रों को सुरक्षित तरीके से ले जाने और संभालने की प्रक्रिया को भी परखा जा रहा है, ताकि किसी तरह की लापरवाही न रहे
सुबह से रात तक चला अभ्यास
यह पूरी रिहर्सल सुबह 9 बजे शुरू होकर रात 8 बजे तक चली। इस दौरान परीक्षा से जुड़ी हर छोटी-बड़ी व्यवस्था को जांचा गया।
देश-में बड़े स्तर पर बने परीक्षा केंद्र
इस बार परीक्षा के लिए देश के 551 शहरों 14 शहरों में परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। कुल मिलाकर 5,500 से ज्यादा सेंटरों को हाई-सिक्योरिटी ज़ोन में बदल दिया गया है।
लाखों छात्र होंगे शामिल
इस री-एग्जाम में करीब 22.79 लाख उम्मीदवार हिस्सा लेंगे। इतनी बड़ी संख्या को देखते हुए सुरक्षा और व्यवस्था पर खास ध्यान दिया जा रहा है। इस मॉक ड्रिल का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि 21 जून को होने वाली परीक्षा पूरी तरह सुरक्षित, निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से आयोजित हो।