अमृतसर के चीता कलां गांव में हुई वारदात के पीछे नशे के कारोबार को लेकर पुराना विवाद होने का आरोप सामने आया है.
पंजाब के अमृतसर के चीता कलां गांव में आम आदमी पार्टी के सरपंच के बेटे की गोली मारकर हत्या कर दी गई. हमलावरों ने करीब 7 से 8 राउंड गोलियां चलाईं, जिसमें तीरथ सिंह और उसका दोस्त रणजीत सिंह घायल हो गए. दोनों को इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान तीरथ सिंह की मौत हो गई. वहीं, रणजीत सिंह के पैर में गोली लगी है और उसका इलाज चल रहा है.
पुलिस के मुताबिक, वारदात के पीछे पुरानी आपसी रंजिश सामने आई है. मृतक का भाई आम आदमी पार्टी (AAP) से जुड़ा ब्लॉक समिति सदस्य है, जबकि उसकी मां गांव की सरपंच हैं. पुलिस ने आरोपियों की पहचान कर उनके खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है.
बदमाशों ने बरसाईं गोलियां
एसएसपी देहाती कंवलप्रीत सिंह चाहल के मुताबिक, घटना शाम करीब साढ़े सात बजे की है. चीता कलां गांव के रहने वाले तीरथ सिंह और उसका दोस्त रणजीत सिंह एक स्थान पर मौजूद थे. इसी दौरान गांव के कुछ लोग वहां पहुंचे और दोनों पर अचानक फायरिंग शुरू कर दी.
हमलावरों ने करीब 7 से 8 राउंड फायर किए. इस दौरान दो गोलियां तीरथ सिंह को लगीं, जबकि रणजीत सिंह के पैर में गोली लगी. फायरिंग के बाद दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए. उन्हें तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन इलाज के दौरान तीरथ सिंह ने दम तोड़ दिया. वहीं, रणजीत सिंह की हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है.
मृतक का भाई AAP नेता, मां गांव की सरपंच
मृतक तीरथ सिंह का परिवार स्थानीय राजनीति से जुड़ा हुआ है. उसका भाई कर सिंह आम आदमी पार्टी का ब्लॉक समिति सदस्य है, जबकि उसकी मां चीता कलां गांव की सरपंच और आम आदमी पार्टी की नेता हैं. हालांकि, पुलिस और परिजनों से मिली शुरुआती जानकारी के मुताबिक, इस वारदात के पीछे किसी राजनीतिक विवाद या गैंगवार की बात सामने नहीं आई है. हत्या की वजह पुरानी व्यक्तिगत रंजिश बताई जा रही है.
पहले से विवाद चल रहा था
परिजनों का आरोप है कि हमलावरों और उनके परिवार के बीच पहले से विवाद चल रहा था. कुछ दिन पहले नशा बेचने या इसे रोकने को लेकर भी दोनों पक्षों के बीच कहासुनी हुई थी. आशंका जताई जा रही है कि इसी रंजिश के चलते आरोपियों ने तीरथ सिंह और उसके दोस्त पर हमला किया. हालांकि, पुलिस अभी इन आरोपों की जांच कर रही है. हत्या के पीछे की असली वजह जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी.
चार आरोपियों के नाम आए सामने, गिरफ्तारी के लिए टीमें गठित
एसएसपी कंवलप्रीत सिंह चाहल ने बताया कि इस मामले में गुरजंट सिंह, गुरदित सिंह, हरकीरत सिंह उर्फ हाकी और गोरा समेत अन्य लोगों के नाम सामने आए हैं. पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज कर ली है.
आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए सीआईए और टेक्निकल टीमों को लगाया गया है. पुलिस संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है. एसएसपी ने दावा किया है कि आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा. घटना के बाद गांव में दहशत का माहौल है और पुलिस स्थिति पर नजर बनाए हुए है.