पंजाब परिवहन विभाग के लिए ड्राइविंग लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट छापने का काम सौंपे गए।
पंजाब परिवहन विभाग के लिए ड्राइविंग लाइसेंस (डीएल) और रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट (आरसी) छापने का काम सौंपे गए। एक निजी कंपनी के समय से पहले बाहर निकलने से राज्य में कम से कम 6 लाख लोग आरसी और डीएल का इंतजार कर रहे हैं।
मेसर्स स्मार्ट चिप प्राइवेट लिमिटेड का अनुबंध इस साल जुलाई में समाप्त होना था। हालांकि, कंपनी ने पिछले साल नवंबर में समय से पहले बाहर निकलने से सरकार और लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट धारकों के लिए काफी परेशानी खड़ी हो गई। तब से सरकार स्मार्ट कार्ड पर डीएल और आरसी उपलब्ध नहीं करा पाई है।
पंजाब में एक सप्ताह में पांच कार्य दिवसों में करीब 10,000 स्मार्ट कार्ड छापे जाते हैं। छपाई न होने के कारण सरकार को हर दिन 10,000 कार्ड, एक सप्ताह में 50,000 और एक महीने में करीब 2 लाख कार्ड लंबित होने का सामना करना पड़ रहा है। एक सरकारी सूत्र ने कहा कि अब उसके पास 6 लाख से अधिक कार्ड लंबित होने का सामना करना पड़ रहा है।
एक वरिष्ठ सरकारी अधिकारी ने बताया कि पहले 3.5 लाख मामले लंबित थे। अब हमने कुछ ही दिनों में 50,000 का बैकलॉग निपटा दिया है।
अब हम सप्ताह के सभी दिन काम कर रहे हैं। हमारी टीम शनिवार और रविवार को भी काम कर रही है। हम इस महीने के अंदर पूरा बैकलॉग निपटा देंगे। आप विधायक गुरदीत सिंह ने शुक्रवार को विधानसभा में बजट सत्र के पहले दिन छपाई में देरी का मुद्दा उठाया।
उन्होंने एक सवाल में परिवहन मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर से फरीदकोट में नए वाहनों के पंजीकरण, पुराने वाहनों के ट्रांसफर के लंबित मामलों की संख्या के बारे में पूछा।
इस बारे में मंत्री ने बताया कि 636 आरसी, 871 पुराने पंजीकरण ट्रांसफर, 451 नए ड्राइविंग लाइसेंस और 357 पुराने लाइसेंसों के नवीनीकरण के मामले लंबित हैं। मंत्री ने सदन को भरोसा दिलाया कि पूरे राज्य में इन दस्तावेजों की पेंडेंसी एक महीने के अंदर निपटा दी जाएगी।