1991 में आरबीआई से अपने करियर की शुरुआत करने वाले रोहित जैन ने गुजरात विश्वविद्यालय से एमबीए (वित्त) और दिल्ली विश्वविद्यालय के दिल्ली स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स से एम.कॉम की डिग्री प्राप्त की है। अपने लंबे प्रशासनिक अनुभव में उन्होंने पर्यवेक्षण विभाग में मुख्य महाप्रबंधक सहित कई महत्वपूर्ण पदों पर काम किया है।
आरबीआई के इस नए विभागीय पुनर्वितरण को केंद्रीय बैंक के संचालन और नीतिगत कार्यों को अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।