पंजाब सरकार ने आशीर्वाद योजना के तहत अनुसूचित जाति से जुड़े लाभार्थियों के लिए 30 करोड़ 35 लाख रुपये जारी किए हैं।
पंजाब सरकार राज्य के विकास के साथ-साथ प्रदेश के कमजोर वर्ग के लोगों के जीवन स्तर को भी सुधारने का काम कर रही है। इसी के तहत राज्य सरकार ने आशीर्वाद योजना के अंतर्गत 2023-24 और 2024-25 के लिए आशीर्वाद पोर्टल के जरिए लाभार्थियों के लंबित आवेदनों को संबोधित करने के लिए राशि मंजूरी की गई है।
इस बात की जानकारी कैबिनेट मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने दी। आपको बता दें, बरनाला, बठिंडा, फरीदकोट, फिरोजपुर, फतेहगढ़ साहिब, फाजिल्का, होशियारपुर, जालंधर, मानसा, श्री मुक्तसर साहिब, पटियाला, रूपनगर, एसएएस नगर, एसबीएस नगर, संगरूर और मलेरकोटला जिलों के लाभार्थियों को कवर किया गया है।
सामाजिक न्याय मंत्री ने बताया कि बरनाला के 136, बठिंडा के 455, फरीदकोट के 187, फिरोजपुर के 1230, फतेहगढ़ साहिब के 192, फाजिल्का के 347, होशियारपुर के 189, जालंधर के 1263 लाभार्थियों को वित्तीय लाभ दिया गया है। इसी तरह मानसा के 271, श्री मुक्तसर साहिब के 90, पटियाला के 530, रूपनगर के 199, एसएएस नगर के 218, एसबीएस नगर के 166, संगरूर के 408 और मलेरकोटला के 70 लाभार्थियों को भी वित्तीय लाभ दिया गया है।
कम आय वाले परिवारों को मिलेगी वित्तीय सहायता
आशीर्वाद योजना के तहत कम आय वाले परिवारों की बेटियों की शादी के लिए 51,000 रुपये की वित्तीय सहायता दी जाती है। यह योजना पंजाब के उन स्थायी निवासियों के लिए है जो अनुसूचित जाति, पिछड़ा वर्ग या आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों से हैं और जिनकी वार्षिक आय 32,790 रुपये से कम है। प्रत्येक पात्र परिवार अधिकतम दो बेटियों के लिए लाभ उठा सकता है।
मंत्री ने इस बात पर भी जोर दिया कि वित्तीय सहायता सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में हस्तांतरित की जाती है, जिससे पारदर्शिता सुनिश्चित होती है। डॉ. बलजीत कौर ने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में सरकार अनुसूचित जातियों, पिछड़ी श्रेणियों और आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के कल्याण के लिए लगातार प्रयास कर रही है। उन्होंने समाज के हर वर्ग के जीवन स्तर और आर्थिक स्थिरता में सुधार लाने के लिए पंजाब सरकार की प्रतिबद्धता को दोहराया।