केंद्र सरकार ने पासपोर्ट नियमों में महत्वपूर्ण बदलाव किए हैं।
केंद्र सरकार ने पासपोर्ट नियमों में महत्वपूर्ण बदलाव किए हैं, जिससे अब 1 अक्टूबर 2023 के बाद जन्मे बच्चों के लिए पासपोर्ट आवेदन में जन्म प्रमाण पत्र अनिवार्य कर दिया गया है।
जबकि इससे पहले जन्मे आवेदक 10वीं की मार्कशीट, स्कूल लिविंग सर्टिफिकेट, पैन कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस या अन्य सरकारी आईडी दस्तावेजों के जरिए अपनी जन्म तिथि प्रमाणित कर सकते हैं।
सरकार ने यह भी घोषणा की है कि अगले पांच वर्षों में देशभर में पासपोर्ट सेवा केंद्रों की संख्या 442 से बढ़ाकर 600 की जाएगी, जिससे आवेदन प्रक्रिया को अधिक सुगम, सुरक्षित और कुशल बनाया जा सके।
अन्य प्रमुख बदलाव:
आवासीय पता: पासपोर्ट के आखिरी पन्ने पर अब आवासीय पता प्रिंट नहीं किया जाएगा। इसके बजाय, इमिग्रेशन अधिकारी बारकोड स्कैन कर जानकारी प्राप्त कर सकेंगे।
नया कलर-कोडिंग सिस्टम: अधिकारियों के लिए सफेद, राजनयिकों के लिए लाल और आम नागरिकों के लिए नीले रंग का पासपोर्ट जारी किया जाएगा, जिससे पासपोर्ट की पहचान आसान होगी।
माता-पिता का नाम: अब पासपोर्ट के आखिरी पन्ने पर माता-पिता का नाम नहीं छापा जाएगा। यह बदलाव विशेष रूप से एकल अभिभावकों और अलग-अलग रहने वाले परिवारों के लिए सहूलियत प्रदान करेगा और उनकी गोपनीयता को सुरक्षित रखेगा।